हरियाणा रोडवेज बसों से गायब रिफ्लेक्टर टेप! कोहरे में बढ़ रहा बड़ा हादसे का खतरा
अंबाला: सर्दियों का आगाज हो चुका है और सुबह के समय आसमान में कोहरा देखने को मिल रह है. दरअसल, जैसे-जैसे ठंड बढ़ती जाएगी, वैसे ही कोहरा भी बढ़ता जाएगा. ऐसे में हर बार कोहरे की वजह से कई हादसे हो जाते हैं, जिनमें बहुत से लोगों को अपनी जान भी गंवानी पड़ती है. वहीं इन हादसों पर लगाम लगाने के लिए हर बार वाहनों पर रिफ्लेक्टर टेप लगाए जाते हैं और बहुत सी तैयारी की जाती हैं.
बिना रिफ्लेक्टर टेप व लाइट्स के चल रही हैं बसें
लेकिन कोहरे को लेकर हरियाणा रोडवेज की अभी तक एक भी तैयारी देखने को नहीं मिली हैं. इसके साथ ही हरियाणा रोडवेज की ज्यादातर बसें आज भी बिना रिफ्लेक्टर टेप व लाइट्स के चल रही है. वहीं ये बसें हादसों को खुली चेतावनी दे रही हैं, क्योंकि अक्सर कोहरे की वजह से सामने से आ रहा वाहन विजिबिलिटी कम होने के कारण नहीं दिख पता है और जिस वजह से बड़ा हादसा हो जाता है. ऐसे में रिफ्लेक्टर टेप और लाइट्स वाहनों पर लगाने जरूरी हो जाते हैं, लेकिन हरियाणा रोडवेज की यह लापरवाही किसी बड़े हादसे को न्योता दे उससे पहले ही हरियाणा के परिवहन मंत्री अनिल विज ने निर्देश जारी कर दिए हैं कि जल्द से जल्द सभी बसों पर रिफ्लेक्टर टेप व लाइट्स लगाए जाएं, ताकि हादसों पर लगाम लग जाए.
वहीं इस बारे में जब लोकल 18 की टीम ने हरियाणा के परिवहन मंत्री अनिल विज से बातचीत की, तो उन्होंने बताया कि हरियाणा रोडवेज की बसों पर खासतौर पर रिफ्लेक्टर टेप व लाइट्स लगाई जा रही है, जिसमें आसानी से सामने आने वाला वाहन अंधेरे व कोहरे में दिख जाएगा. वहीं इलेक्ट्रिक बसों को लेकर विज ने बताया कि हरियाणा में इलेक्ट्रिक बसों को लेकर पहले भी कई ई बसें चलाई जा रही हैं, जिसमें अंबाला छावनी में भी कई बसों का संचालन किया जा रहा है.
चलाई जाएंगी कई नई ई बसें
उन्होंने बताया कि इन इलेक्ट्रिक बसों से प्रदूषण खत्म होता है और इन नई इलेक्ट्रिक बसों की मांग को लेकर अब परिवहन विभाग ने ऑर्डर भी किया हुआ है. उन्होंने कहा कि हम चाहते हैं कि हरियाणा में सभी जगह पर पुरानी बसों को रिप्लेस कर नई इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जाए. इसके लिए अलग-अलग जगह पर चार्जिंग पॉइंट भी बनाए जाएंगे ताकि समय पर यह बसें चार्ज हो सके. उन्होंने बताया कि उनके पास कई कार बनाने वाली कंपनी के मैन्युफैक्चर आए थे, जिन्होंने डिटेल मांगा गया था. लेकिन हमने उन्हें कहा कि आप इन इलेक्ट्रिक बसों के लिए अपने चार्जिंग स्टेशन बनाओ जिनमें एक टेस्ट हाउस भी बना हो, ताकि अलग-अलग जगह पर यह बसें समय पर चार्ज हो सकें.

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